0

सहरसा। 23 अक्टूबर। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के विवाद म' रहब आम बात भ' गेल अछि। ताजा मामला म' एक बड़का घोटाला केर तहत टॉप 10 म' शामिल 10वीं के एक छात्रा क' बोर्ड द्वारा फेल घोषित कायल गेल। मुदा मिथिलाक एहि पढ़ाकू बेटी क' अप्पन काबिलियत पर पूरा भरोसा छल, जाहिक चलते ओ अप्पन रिजल्ट क' हाई कोर्ट म' चुनौती देलनि। परीक्षा के पूरा कॉपी फेर सँ जांचल गेल। अपने क' बता दी दुबारा कॉपी जाँच भेला पर छात्रा नहि सिर्फ पास भेली बल्कि राज्य के टॉप 10 छात्र म' सेहो शामिल भेली।

सहरसा जिलाक प्रियंका सिंह एहि बरख मैट्रिक के परीक्षा देना छली। रिजल्ट अएला पर हुनका फेल बताओल गेल, किएक जे प्रियंका क' संस्कृत म' सिर्फ 9 आओर विज्ञान म' सिर्फ 29 नंबर भेटल छलैन। ऐहिक बाद सिमरी बख्तियारपुर प्रखंड के सिटानाबाद पंचायतक गाम गंगा प्रसाद टोला के प्रियंका सिंह सदमा म' आएब गेली। ओनाकि ओ आंसरशीट केर  स्क्रूटनी लेल फॉर्म भरने छली, मुदा बोर्ड द्वारा 'नो चेंज' कही फिर सँ फेल केर फरमान सुनाओल गेल। प्रियंका अप्पन परिवारक लोग क' भरोसा म' लैत हाई कोर्ट म' गुहार लगौलनि त' बिहार बोर्ड द्वारा हुनकर दावा क' दरकिनार करबाक कोशिश कायल गेल। 

प्रियंका कहलनि कि यदि ओ फेल छथि त' बोर्ड हुनकर आंसरशीट कोर्ट म' देखबे। बोर्ड द्वारा जमानत के तौर पर 40 हजार टाका जमा करेबा पर आंसरशीट देखेबाक बात कहल गेल। प्रियंका टाका जमा करा देली। कोर्ट द्वारा बोर्ड क' प्रियंका के संस्कृत आओर विज्ञानं केर आंसरशीट आनबाक निर्देश देल गेल। बोर्ड कॉपी ल'क' कोर्ट पहुंचल आओर कोनो तरहक गड़बड़ी नहि होयबाक बात कहलक। प्रियंका द्वारा जज साहब स' मांग करि  कॉपी देखल गेल त' ओहिमे बदलाव छल। एहि पर कोर्ट द्वारा प्रियंका क' सामना बैसा हैंडराइटिंग केर नमूना देबाक लेल कहल गेल जाहिसँ पता चलल कि आंसरशीट आओर ओरिजनल हैंडराइटिंग मेल नहि खा रहल अछि।

कोर्ट केर आदेश पर आंसरशीट के तलाश शुरू भेल टी' पता चलल कि प्रियंका के आंसरशीट म' बार कोडिंग गलत तरीका स' भेल छल, जेहिसे हुनकर कॉपी स' दोसर छात्रा संतुष्टि कुमारी क' संस्कृत आओर विज्ञान म' फेल के बदला पास क' देल गेल, जखनकि प्रियंका पास स' फेल भ' गेली। जखन कोर्ट के सामना कॉपी केर जांच भेल तेँ प्रियंका क' संस्कृत म' 61 आओर विज्ञान म' 80 नंबर आयल। कोर्ट द्वारा अप्पन आदेश म' इयो  स्वीकार कायल गेल कि स्क्रूटनी म' महज खानापूर्ति होयत अछि। कोर्ट द्वारा मानल गेल कि प्रियंका आओर हुनकर गार्जन क' मानसिक पीड़ा स' गुजरा पड़लैन, लिहाजा बिहार बोर्ड 5 लाख टाकाक रकम अगिला तीन महीना के भीतर मुआवजा केर तौर पर हुनका खाता म' जमा करे।
 

मिथिला दैनिक क' समाचार ईमेल द्वारा प्राप्त करि :

Delivered by Mithila Dainik

मिथिला दैनिक (पहिने मैथिल आर मिथिला) टीमकेँ अपन रचनात्मक सुझाव आ टीका-टिप्पणीसँ अवगत कराऊ, पाठक लोकनि एहि जालवृत्तकेँ मैथिलीक सभसँ लोकप्रिय आ सर्वग्राह्य जालवृत्तक स्थान पर बैसेने अछि। अहाँ अपन सुझाव संगहि एहि जालवृत्त पर प्रकाशित करबाक लेल अपन रचना ई-पत्र द्वारा mithiladainik@gmail.com पर सेहो पठा सकैत छी।

 
#zbwid-2f8a1035