0
पटना। 10 नवम्बर। 500 आर 1000 टक्का के नोट पर प्रतिबंध केर घोषणा करैत पीएम नरेंद्र मोदी कहने छला कि अस्पताल, दवाई केर दोकान, पेट्रोल पंप आर रेलवे स्टेशन सभ पर 500 व 1000 टक्का के नोट  11 नवम्बर के राति 12 बजे तक इस्तेमाल कायल जे सकैत अछि, लेकिन   राजधानी पटना म' एहेन बिल्कुल नहि भेल।

500 व 1000 के नोट ल' के एनिहार मरीज सभ क' अस्पताल प्रशासन इलाज सँ साफ मना क' देलन्हि। राजधानी पटना के एक सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल म' कैंसर पीड़ित दर-दर केर ठोकर खायत रहला लेकिन 500 आर 1000 के नोट होयबाक कारण हुनकर इलाज नहि कायल गेलन्हि।

राजधानी पटना के एक अस्पताल म' पांच सौ आर हजार के नोटक बण्डल ल' रेडिएशन आर कैमो केर लगभग दुइ लाख टक्का के बिलक भुगतान करबाक लेल पहुँचल पटना के मुसल्लाहपुर निवासी राजकुमार यादव क' अस्पताल प्रबंधन वापस लौटा देलन्हि।

स्थानीय बबलू प्रकाश कहला कि पांच सौ, हज़ार के नोट बंद भेलाक बाद  कैंसर व आन जानलेवा बीमारी सँ जंग लड़ै बला के स्वास्थ्य केर संग केंद्र सरकार मजाक केलन्हि। पीड़ित राजकुमार यादव कहला कि हमरा लग सौ केर नोट नहि अछि। आब हम की करि। हम अप्पन इलाज कोना करायब। 

मिथिला दैनिक क' समाचार ईमेल द्वारा प्राप्त करि :

Delivered by Mithila Dainik

मिथिला दैनिक (पहिने मैथिल आर मिथिला) टीमकेँ अपन रचनात्मक सुझाव आ टीका-टिप्पणीसँ अवगत कराऊ, पाठक लोकनि एहि जालवृत्तकेँ मैथिलीक सभसँ लोकप्रिय आ सर्वग्राह्य जालवृत्तक स्थान पर बैसेने अछि। अहाँ अपन सुझाव संगहि एहि जालवृत्त पर प्रकाशित करबाक लेल अपन रचना ई-पत्र द्वारा mithiladainik@gmail.com पर सेहो पठा सकैत छी।

 
#zbwid-2f8a1035